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title: "यिन जुन मेइ"
url: https://thetea.app/bho/article/yin-jun-mei
lang: bho
updated: 2026-04-08
source: THE TEA — encyclopedia of Chinese tea (https://thetea.app)
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# यिन जुन मेइ (银骏眉, Yín jùn méi)

यिन जुन मेइ – प्रसिद्ध जुन मेइ (骏眉) श्रृंखला के “चांदी” ग्रेड ह, जवन महान जिन जुन मेइ (खाली कलियन) आ अधिका सुलभ तुन जुन मेइ/चिगान (एक कली दू पत्ता संगे) के बीच आवेला। टोङमू संरक्षित क्षेत्र के जंगली चाय के पेड़ सभ से “एक कली – एक पत्ता” के मानक पर चुनल गइल इ चाय, कलियन के परिष्कार के पहिला कोमल पत्ता से मिलल ढाँचा आ घनापन के संगे जोड़ेला। कइयन पारखी लोगन खातिर यिन जुन मेइ – श्रृंखला के भीतर बढ़िया स्वाद आ सुगमता के बीच संतुलन ह।

**1. वर्गीकरण आ उत्पत्ति:**

* **प्रकार:** लाल चाय (红茶, hóngchá), पूरा तरह से ऑक्सीकृत। यूरोपीय वर्गीकरण अनुसार – काला चाय। किण्वन के स्तर – 80–90%।
* **श्रेणी:** “जुन मेइ” (骏眉) श्रृंखला के एलीट लाल चाय, जिन जुन मेइ के बाद दूसर ग्रेड। इ नये किसिम के चहन शान शियाओ चहुन ([正山小种](https://thetea.app/bho/article/zheng-shan-xiao-zhong)) के एगो किसिम ह, जवना में धूआँ ना लागल होला।
* **उत्पत्ति:** चीन, फूचिएन प्रांत (福建省, Fújiàn Shěng), नानपिङ शहरी जिला (南平市, Nánpíng Shì), काउंटी-स्तरीय शहर वूइशान (武夷山市, Wǔyíshān Shì), टोङमू गाँव (桐木村, Tóngmù Cūn) वूइशान राष्ट्रीय प्राकृतिक संरक्षित क्षेत्र (武夷山国家级自然保护区, क्षेत्रफल – 565 किमी²) के भीतर। टोङमू – सगरी लाल चाय के ऐतिहासिक जनम भूमि ह, जहाँ 400 बरिस से अधिका पहिले चहन शान शियाओ चहुन (लापसाङ सुशोङ) बनल रहे।
* **भौगोलिक निर्देशांक:** लगभग 27°44′ उत्तरी अक्षांश, 117°38′ पूरबी देशांतर।
* **“जुन मेइ” श्रृंखला में स्थान:** एह श्रृंखला में तीन ग्रेड बा जेकर फर्क चुनाई के मानक से होला: जिन जुन मेइ ([金骏眉](https://thetea.app/bho/article/jin-jun-mei), “सोना भौह”) – खाली कलियन (单芽); **यिन जुन मेइ (银骏眉, “चाँदी भौह”)** – एक कली आ एक पत्ता (一芽一叶); तुन जुन मेइ ([铜骏眉](https://thetea.app/bho/article/tongjunmei), “काँसा भौह”), जवना के चिगान (赤甘) के नाँव से भी जानल जाला – एक कली दू पत्ता (一芽二叶), आगे चल के शियाओ चिगान (小赤甘, पत्ता ना खुलल) आ दा चिगान (大赤甘, पत्ता खुलल) में बँटल बा।

**2. इतिहास आ सांस्कृतिक महत्व:**

* **इतिहास:** यिन जुन मेइ 2005 में जिन जुन मेइ के साथे साथे आइल, जब जियाङ युआनशुन (江元勋) आ लियाङ जुनदा (梁骏德) के अगुआई वाली शिल्पकार लोगन के टीम जुन मेइ श्रृंखला के ग्रेड सिस्टम के विकास कइलस। गवाह लोगन के अनुसार, शुद्ध कलियन के पहिला सफल जत्था के बाद शिल्पकार लोग “एक कली – एक पत्ता” से चाय बनावे के कोशिश कइल, आ ठीहे तब चुनाई के मानक के आधार पर “सोना – चाँदी – काँसा” तीन-स्तरीय वर्गीकरण आकार लिहलस। यिन जुन मेइ के उत्पादन आ बाजारीकरण जिन जुन मेइ के साथे साथे आगे बढ़ल: 2006 में चाय के पुरनका लोग चहान तियानफू (张天福) आ लुओ शाओचुन (骆少君) के सहभागिता से स्थिरीकरण आ 2008 में बाजार में प्रवेश भइल।

* **नाँव:**
  * “यिन” (银) – “चाँदी”। इ कली पर रोवाँ के चाँदी के सा रंग आ ग्रेड पदानुक्रम में “चाँदी” स्तर (“सोना” से नीचे, “काँसा” से ऊपर) के संकेत देला।
  * “जुन” (骏) – “कुलीन घोड़ा”, “भव्य”। इ निर्माता शिल्पकार लोग के नाँव (जियाङ जुनशेङ, जियाङ जुनफा, लियाङ जुनदा) आ बाजार में तेज सफलता के शुभकामना से जुड़ल बा।
  * “मेइ” (眉) – “भौह”। इ सूखल चाय के खास आकृति के बखान करेला – पातर, हल्का मुड़ल, जवन सुघर भौह निआ लागेला।

* **सांस्कृतिक महत्व:** यिन जुन मेइ टोङमू के एलीट लाल चाय के दुनिया में “प्रवेश द्वार” के रूप में महत्वपूर्ण जगह बनवले बा। कच्चा माल आ तकनीक के समान गुणवत्ता पर इ जिन जुन मेइ से बहुत सुलभ बा, एही से पारखी लोग खातिर रोज-रोज के चाय पीए के पसनगी भा जुन मेइ श्रृंखला से परिचय खातिर इ लोकप्रिय बा। चीन के घरेलू बाजार में यिन जुन मेइ – मझोला आ ऊपरी कीमत वर्ग के सबसे ढेर मँग वाली लाल चाय में से एगो बा।

**3. वानस्पतिक विवरण आ कच्चा माल:**

* **किसिम / कल्टीवार:** छोट पत्ता वाला चाय के झाड़ी के स्थानीय जंगली या अध-जंगली आबादी – चित्सोङ (奇种, Qízhǒng) / चाइचा (菜茶, [Càichá](https://thetea.app/bho/article/caicha)), *Camellia sinensis* var. *sinensis*। विषम बीज आबादी, जवन सदियन तक वूइशान संरक्षित क्षेत्र के ऊँच पहाड़ पर उपजल। छोट पत्ता वाला रूप में एमिनो अम्ल के मात्रा अधिका आ पॉलीफेनोल आ कैफीन के मात्रा कम (var. *assamica* के तुलना में) होला, जवना से एकर खास मिठास आ कठोर कड़वाहट के अभाव सुनिश्चित होला।
* **चुनाई:** आमतौर पर चिङमिङ (清明, ~5 अप्रैल) के बाद शुरू होला आ गुयु (谷雨, ~20 अप्रैल) ले चलेला आ एकरा बाद भी — यिन जुन मेइ के चुनाई आमतौर पर जिन जुन मेइ से कुछ दिन बाद शुरू होला, काहेंकी पहिला पत्ता फूटे के इंतजार करे के पड़ेला। चुनाई हमेशा हाथ से आ सूखल मौसम में कइल जाला।
* **चुनाई के मानक:** एक कली आ एक कोमल, बस खुलत ऊपरी पत्ती (一芽一叶, yī yá yī yè)। इहे जिन जुन मेइ (खाली कलियन) आ तुन जुन मेइ (एक कली दू पत्ता) से मुख्य अंतर बा। 500 ग्राम तइयार चाय बनावे खातिर लगभग 50,000 कली-पत्ता के जोड़ी लागेला।
* **कच्चा माल के जरूरत:** कलियन आ पत्ती पूरा, बेसाइल, आकार में एकरूप होखे के चाहीं। पत्ती – कोमल, कठोर ना होखे, बिना भूरा धब्बा के। चुनाई आ प्रसंस्करण के शुरुआत के बीच कम से कम देरी होखे के चाहीं।

**4. टेरवार आ खेती के खासियत:**

* **वूइशान संरक्षित क्षेत्र:** 565 किमी² के राष्ट्रीय प्राकृतिक संरक्षित क्षेत्र, यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल (1999)। लाल बलुआ पाथर आ ज्वालामुखी चट्टान के पहाड़; खड़ा गोरख, झरना, असाधारण जैव विविधता वाला उप-उष्णकटिबंधीय बन।
* **टोङमू गाँव:** संरक्षित क्षेत्र के भीतर गहिराई में बसल बा। चाय के पेड़ बन के छाँव में, अध-जंगली आ जंगली अवस्था में, खड़ा पहाड़ी ढाल पर उगेलें।
* **उगाई के ऊँचाई:** समुद्र तल से 1000–1800 मीटर। सबसे बढ़िया जोन – 1200–1500 मीटर। बन आच्छादन 96.3% बा।
* **जलवायु:** उप-उष्णकटिबंधीय पहाड़ी मानसून। औसत सालाना तापमान ~11–18°C। बारिश – 2000–2300 मिमी/साल। नमी – ~80%। कोहरा – बरिस में 120 दिन से ढेर। दिन-रात तापमान में बड़का अंतर पत्ता में एमिनो अम्ल आ सुगंधित यौगिक जमा होखे में मदद करेला।
* **माटी:** पहाड़ी लाल आ पहाड़ी-पीयर माटी, हल्का अम्लीय (pH 4.5–5.0), जैविक पदार्थ से भरपूर, लोहा आ मैंगनीज के ऊँच मात्रा वाली। माटी के परत के गहिराई – 30–90 सेमी। पानी के निकास बढ़िया।

**5. उत्पादन तकनीक:**

यिन जुन मेइ के तकनीक लगभग जिन जुन मेइ जइसने बा आ चहन शान शियाओ चहुन के परंपरा पर आधारित बा, जवना में एगो अहम नवाचार बा – चीड़ के लकड़ी पर धूआँ ना लगावल जाला। सगरी प्रक्रिया हाथ से होला। मुख्य खासियत – कच्चा माल ढेर “मात्रा वाला” (कली + पत्ता) होला, जवना से मसले आ किण्वन के स्थिति में थोड़ा बदलाव होला।

* **चुनाई (采摘 — cǎizhāi):** हाथ से एक कली आ एक कोमल पत्ता के चुनल जाला। काम खड़ा पहाड़ी ढाल पर होला, चाय के पेड़ तक पहुँच मुश्किल बा।
* **मुरझाना (萎凋 — wěidiāo):** चुनल गइल कच्चा माल के हवादार कमरा में बाँस के थार पर पातर परत में बिछावल जाला। तापमान आ नमी के नियंत्रण (温湿调控) के इस्तेमाल होला। शिल्पकार प्राकृतिक आ गरम मुरझाना के बारी-बारी से करेलन, जवना से ~60–65% नमी गुम हो जाला। समय – 8–14 घंटा। मुरझाना के चरण में हल्का धूआँ के बहुत थोड़ा प्रभाव दिहल जा सकेला – पारंपरिक चहन शान शियाओ चहुन जहाँ तेज धूआँ लागेला, ओकर विपरीत जुन मेइ में इ या त बहुत कम या बिल्कुल ना होला।
* **मसलाई (揉捻 — róuniǎn):** हाथ से, नरमाई से। पत्ता के होखला से कोशिका रस थोड़ा ढेर निकलेला, जवना से शुद्ध कलियन वाला जिन जुन मेइ के तुलना में बाद के किण्वन आसान हो जाला। मसलाई – कठोर ना होला, कली आ पत्ता के पूरा रखेला। तइयार चाय के ना छानल जाला (不过筛, bù guò shāi) ताकि आकार बचल रहे।
* **किण्वन / ऑक्सीकरण (发酵 — fājiào):** नियंत्रित तापमान (~20–25°C कमरा में, ~30°C पत्ता के ढेरी में) आ नमी (~90–95%) पर। शहद-फल वाला खुशबू बनावे खातिर इ सबसे अहम चरण ह। शिल्पकार रंग (ताँबा-लाल में बदलाव) आ खुशबू (खास “शहद मिठास” के उभार) से तइयारी के आँकलन करेलन। अपूर्ण किण्वन से कड़वाहट आवेला, ज्यादा होखला पर चाय के खास “शहद” गंध खतम हो जाला आ प्रोफाइल आम चहन शान शियाओ चहुन से मिले लागेला।
* **सुखावल / कोयला भुनाई (炭焙 — tànbèi):** अकेशिया के कोयला (槐炭) पर बाँस के टोकरी में पारंपरिक सुखवाई। दू-चरण प्रक्रिया: माओहुओ (毛火) ~110°C पर आ त्सुहुओ (足火) ~130°C पर। शहद के गंध बनावे खातिर समय आ तापमान के ठीक नियंत्रण बहुत जरूरी बा। बचल नमी – 3–4%।
* **छटाई (分级 — fēnjí):** हाथ से अंतिम छटाई – टूटल टुकड़ा, बाहरी चीज हटावल जाला।

**6. इंद्रिय संवेदी विशेषता:**

* **सूखल पत्ता के रूप-रंग:** पतला, घन, थोड़ा मुड़ल अंकुर – कली आ एक कोमल पत्ती। असली होखे के शर्त: चाँदी-भूअर या चाँदी-करिया रंग (银灰色) – सबसे ऊँच वाला; सोना-लाल रंग – मंजूर बा बाकी निम्न श्रेणी। कली पर रोवाँ – चाँदी जइसन (एही से नाँव)। पत्ती कली से गाढ़ रंग के। शर्त – पूरा, बिना टूटल टुकड़ा, एकरूप। मरोड़ कसल, आकार – “भौह निआ”।
* **सूखल पत्ता के खुशबू:** साफ, मीठ, शहद, फूल (गुलाब, ऑर्किड) आ फल (लोङ्गान, लिची) के सुगंध वाली। हल्का भुट्टा आ कारमेल के आभास। जिन जुन मेइ से ढेर जटिल आ “भरपूर”, पत्ता के योगदान के कारण।
* **अर्क के खुशबू:** जटिल: फूल-फल पृष्ठभूमि (फूल, लोङ्गान, सूखल फल), शहद के मिठास, शकरकंद के बारीक गंध (薯香, shǔ xiāng) – बिसेस “ऊँच पहाड़ी छाप” (高山韵, gāoshān yùn)। खुशबू स्थाई, 8वाँ आ ढेर डुबकी तक बरकरार रहेला।
* **स्वाद:** कोमल, चिक्कन, जिन जुन मेइ से थोड़ा ढेर ढाँचा आ “देह” वाला। मिठास हावी बाकी हल्का, सुखद कसावट रहेला जवना से गहिराई बढ़ जाला। शहद, फल (लोङ्गान, लिची, आड़ू), भुट्टा के गंध। साफ “मीठ वापसी” (回甘, huígān)। स्वाद-बाद लंबा, साफ, शहद-फल के आभास आ गला में ठंडक के एहसास (喉韵, hóuyùn) के साथ। खड़ा उबाल झेले के काबिलियत।
* **अर्क के रंग:** सोना-अम्बर, साफ, पारदर्शी। बढ़िया जत्था में – संतरा-सोना। सबसे ऊँच मानक – संतरा-पीयर (橙黄), पारदर्शी; लालआभ, गंदला या गाढ़ अर्क – घटिया गुणवत्ता के परिचायक।
* **चाय के फोड़ (पकावल पत्ता):** पूरा, लोचदार कली आ एक खुलल पत्ती। रंग – पुरनका ताँबा (古铜色, gǔtóng sè) सबसे ऊँच ग्रेड में; लाल-भूअर – दूसर में। पत्ता चमकदार, “जिंदा”।

**7. रासायनिक संरचना:**

यिन जुन मेइ के रासायनिक प्रोफाइल जिन जुन मेइ से मिलत-जुलत बा, बस पत्ता के मौजूदगी के अनुरूप फर्क: पॉलीफेनोल आ कैफीन थोड़ा ढेर, एमिनो अम्ल के विशिष्ट सांद्रता (सूखल वजन के हिसाब से) थोड़ा कम।

* **पॉलीफेनोल (茶多酚):** सूखल वजन के 10–20%। पूरा किण्वन में कैटेचिन थियाफ्लेविन (茶黄素, 0.4–2%) आ थियारूबिजिन (茶红素, 5–11%) में बदल जालें, जवन अर्क के रंग आ स्वाद के “मखमलीपन” बनावेलें।
* **एमिनो अम्ल (氨基酸):** सूखल वजन के 1.5–3.5%। L-थियानीन – मुख्य घटक, मिठास, कोमलता आ आरामदेह असर खातिर जिम्मेदार। शुद्ध कलियन वाला जिन जुन मेइ से कुछ कम मात्रा, जवना से थोड़ा ढेर कसावट उभर के आवेला।
* **एल्केलॉइड:** कैफीन – सूखल वजन के 3–5%। एगो कप में ~20–60 मिलीग्राम। थियोब्रोमिन आ थियोफिलिन भी।
* **विटामिन:** C, B₁, B₂, B₃, E, K।
* **खनिज:** ~30 तत्व। मुख्य: पोटैशियम, फास्फोरस, कैल्शियम, मैग्नीशियम, लोहा, मैंगनीज, फ्लोरीन। सूक्ष्म तत्व: जस्ता, ताँबा, सेलेनियम।
* **आवश्यक तेल आ वाष्पशील यौगिक (芳香油):** ~0.02%। लिनालूल, जेरानिऑल, फेनिलएसिटैल्डिहाइड आ अउरी घटक, जवन फूल-शहद-फल प्रोफाइल बनावेलें।
* **अउरी:** घुलनशील शर्करा – 2–4%, पेक्टिन – 1–2%, कार्बनिक अम्ल – ~1%।

**8. उपयोगी गुण:**

* **कोमल टॉनिक आ संज्ञानात्मक सहायता:** कैफीन आ L-थियानीन के तालमेल बिना घबराहट के एकसमान स्फूर्ति देला – “शांत जागरूकता” के असर।
* **एंटीऑक्सीडेंट क्रिया:** थियाफ्लेविन आ थियारूबिजिन सक्रिय रूप से मुक्त कण सभ के निष्क्रिय करेलें। कुछ आँकड़ा अनुसार, लाल चाय के एंटीऑक्सीडेंट क्षमता हरियर चाय के बराबर होला, हालाँकि एंटीऑक्सीडेंट के प्रोफाइल अलग होला।
* **हृदय-रक्तवाहिनी तंत्र के सहायता:** पॉलीफेनोल यौगिक रक्तवाहिनी के लोच में मदद करेलें, LDL कोलेस्ट्रॉल के स्तर पर असर डाल सकेलें। थियाफ्लेविन केशिका के फइलावेलें।
* **आरामदेह पाचन:** पूरा तरह से किण्वित लाल चाय आमाशय के श्लेष्मा झिल्ली पर कोमल असर डालेला, खासकर खाना के बाद उपयुक्त।
* **जीवाणुरोधी क्रिया:** चाय के पॉलीफेनोल आ टेनिन रोगजनक जीवाणु के बढ़े रोकेलें, मुँह के सेहत के समर्थन करेलें।
* **गरम करे वाला असर:** पारंपरिक चीनी चिकित्सा के सिद्धांत अनुसार “गरम” प्रकृति, जाड़ा के दिन आ “जुकाम” प्रकृति वाला लोग खातिर एकदम सही।
* **तनाव-रोधी असर:** L-थियानीन अल्फा-मस्तिष्क तरंग के उत्पादन उत्तेजित करेला, आरामदेह एकाग्रता में मदद करेला।

**9. पकवाई:**

* **पानी के तापमान:** 90–95°C। पूरा खुशबू खातिर उबलत पानी भी इस्तेमाल हो सकेला; नाजुक जत्था खातिर – 85–90°C।
* **चाय के मात्रा:** 4–5 ग्राम प्रति 100–120 मिली (गोङफू तरीका); 2–3 ग्राम प्रति 200–250 मिली (यूरोपीय तरीका)।
* **बर्तन:** चीनी माटी के गाइवान (盖碗) 100–120 मिली – सबसे बढ़िया: खुशबू ना सोखेला, डुबकी पर ठीक नियंत्रण देला। काँच के बर्तन से कली खुलत देखल जा सकेला। ईशिङ चायदानी ([宜兴紫砂](https://thetea.app/bho/article/yixing-zisha)壶) भी उपयुक्त। चहाइ (公道杯) जरूर होखे।
* **प्रक्रिया:**
  1. **बर्तन गरम करी:** गाइवान, चहाइ आ प्याला उबलत पानी से खङ्गालीं।
  2. **चाय डाली:** गरम गाइवान में 4–5 ग्राम डालीं। सूखल पत्ता के खुशबू के आँकलन करीं।
  3. **धोवाई (润茶 — rùn chá):** छोट 1–2 सेकेंड के डुबकी – इच्छा अनुसार; कइयन शिल्पकार पहिला डुबकी बचावे खातिर ना धोवे के सलाह देलें।
  4. **पहिला डुबकी:** 8–10 सेकेंड। पानी सावधानी से गाइवान के देवाल पर डालीं।
  5. **छनई:** अर्क पूरा तरह से चहाइ में, फिर प्याला में।
  6. **दोबारा पकवाई:** 6–10 डुबकी। हर अगिला डुबकी में समय 3–5 सेकेंड बढ़ाईं। बीच के डुबकी (3–6) में चाय पूरा खुलेला। आखिरी में – समय 30–60 सेकेंड तक बढ़ावल जा सकेला।

**10. भंडारण:**

* **डिब्बा:** बायुरोधी, अपारदर्शी – टीन के डिब्बा, जिप-लॉक वाला फॉइल बैग, माटी के बर्तन।
* **शर्त:** सूखा, ठंडा, अँधेर जगह, अलग गंध से दूर। तापमान 10–25°C, नमी 60% से ढेर ना होखे।
* **भंडारण अवधि:** सबसे बढ़िया – 12–18 महीना। गुणवत्ता वाला जत्था 2 साल तक गुण बरकरार रखेला, बाकी ताजा चाय बेहतर।
* **ध्यान दीं:** फ्रिज में रखे के जरूरत ना बा आ भरोसेमंद बायुरोधी पैकिंग बिना इ सलाह ना दिहल जाला। लाल चाय कमरा के तापमान पर बढ़िया से रहेली।

**11. कीमत आ नकली:**

यिन जुन मेइ एलीट लाल चाय में गिनल जाला, हालाँकि जिन जुन मेइ से बहुत सुलभ बा। असली टोङमू यिन जुन मेइ के दाम – आमतौर पर 500 ग्राम खातिर 1,000 से 3,000 युआन (उत्पादक आ साल पर निर्भर)। कीमत के कारक:

* **श्रम साध्यता:** ~50,000 अंकुर प्रति 500 ग्राम सूखल चाय, हाथ से चुनाई।
* **सीमित क्षेत्र:** असली कच्चा माल – खाली टोङमू संरक्षित क्षेत्र से।
* **हाथ से उत्पादन:** सगरी मुख्य चरण – हाथ से।
* **छोट मौसम:** साल में 2–3 हप्ता।

**नकली से कइसे बचीं:**

* **विश्वसनीय बेचेवाला से खरीदीं:** पुष्टि मूल वाला बिसेस दुकान; आदर्श रूप से – सीधे उत्पादक से (正山堂, 骏德茶厂)।
* **रूप-रंग के आँकलन करीं:** चाँदी रोवाँ वाली कली, एक कोमल पत्ती। चाँदी-भूअर रंग – ऊँच ग्रेड। पत्ती – कठोर ना होखे, डंठल बिना।
* **खुशबू जाँचीं:** साफ शहद, फूल-फल वाली, बिना रासायनिक तीखापन, बासीलापन या साफ धूआँ के।
* **अर्क के आँकलन करीं:** सोना-अम्बर, पारदर्शी। गंदला या गाढ़ा लाल – बदली या निम्न गुणवत्ता के संकेत।
* **असामान्य रूप से कम कीमत से सावधान रहीं:** 100–200 युआन/500 ग्राम वाला यिन जुन मेइ लगभग निश्चित रूप से दोसर इलाका के कच्चा माल से बनल होखी।

**12. दिलचस्प तथ्य:**

* **“सोना भाई” के संगे जनम:** असल में यिन जुन मेइ जिन जुन मेइ के साथे-साथे आइल: शुद्ध कलियन के पहिला सफल जत्था (जून 2005) के बाद शिल्पकार लोग तुरंत “एक कली – एक पत्ता” मानक आजमवलस, आ “सोना – चाँदी – काँसा” ग्रेड सिस्टम प्रयोग के पहिले दिनन में आकार लिहलस।
* **प्रति जिन 50,000 अंकुर:** 500 ग्राम यिन जुन मेइ बनावे खातिर लगभग 50,000 “कली+पत्ता” अंकुर लागेला – जिन जुन मेइ (60,000–80,000 कली) से थोड़ा कम, फिन भी हाथ से करे के बहुत बड़ा मेहनत।
* **“काँसा भाई” “चिगान” बन गइल:** श्रृंखला के तीसर ग्रेड – तुन जुन मेइ (铜骏眉, “काँसा भौह”) – बाजार में चिगान (赤甘, “लाल मिठास”) नाँव से जम गइल, आगे सियाओ चिगान (पत्ता ना खुलल) आ दा चिगान (पत्ता खुलल) में बँट गइल।
* **बिना धूआँ – बिना धुँआदार:** पूरा जुन मेइ श्रृंखला के पारंपरिक लापसाङ सुशोङ से मुख्य तकनीकी अंतर – चीड़ के लकड़ी पर धूआँ ना लगावल। खाली मुरझाना के चरण में हल्का “धूआँ के छूअन” दिहल जा सकेला।
* **“चाँदी” प्रवेश द्वार के रूप में:** कइयन चाय शिल्पकार जुन मेइ श्रृंखला से परिचय ठीके यिन जुन मेइ से शुरू करे के सलाह देलें: इ टोङमू टेरवार के चरित्र ढेर चमक से उजागर करेला, पकावे में गलती के ढेर बरदाश्त करेला आ ढेर ठोस “देह” देला।

**13. दोसर लाल चाय से तुलना:**

* **जिन जुन मेइ (金骏眉, Jīn Jùn Méi):** “बड़का भाई” – खाली कलियन से। ढेर परिष्कृत, मीठ, “हवादार”, जरा भी कसावट ना। अर्क के रंग ढेर गाढ़ (संतरा-अम्बर) होला। कीमत बहुत ढेर। यिन जुन मेइ तुलना में – थोड़ा ढेर ढाँचा वाला, हल्का कसावट आ ढेर “देह” वाला।
* **तुन जुन मेइ / चिगान (铜骏眉 / 赤甘):** “छोटका भाई” – एक कली दू पत्ता। ढेर घन, ध्यान देवे लायक कसावट, अर्क के रंग गाढ़। खुशबू – साफ कारमेल-फल के सुगंध वाली। श्रृंखला में सबसे सुलभ।
* **चहन शान शियाओ चहुन (正山小种, Zhèng Shān Xiǎo Zhǒng):** पूरा श्रृंखला के “पुरखा”। ढेर पकल पत्ता से बनावल जाला, पारंपरिक रूप से चीड़ के लकड़ी पर धूआँ लगावल जाला। स्वाद ढेर घन, खास “धुआँदार” गंध (धुँआदार संस्करण में) या कारमेल-भुट्टा (बिना धूआँ वाला में)। यिन जुन मेइ – प्रोफाइल में बहुत ढेर नरम आ “साफ”।
* **दियान हङ जिन या ([滇红金芽](https://thetea.app/bho/article/dianhong-jin-ya), Diānhóng Jīn Yá):** बड़ पत्ता वाला कल्टीवार (*var. assamica*) के कली से युन्नानी लाल चाय। ढेर घन, भरपूर, चॉकलेट-मसाला प्रोफाइल। यिन जुन मेइ – ढेर बारीक, हलका, फूल-शहद के भव्यता पर जोर।

**निष्कर्ष में:**

यिन जुन मेइ – एगो अइसन चाय ह जवन अपन कुलीनता ना खोवत उदार होखे जानेला। कली में जोड़ल एगो कोमल पत्ती चाय के थोड़ा ढेर देह, थोड़ा ढेर ढाँचा, थोड़ा ढेर गहिराई देला – आ एह तरे टोङमू के संरक्षित पहाड़ के सगरी खास शहद-फूल भव्यता बनवले रहेला। जे लोग परिष्कार आ समृद्धि के संतुलन के सराहेला, ओकरा खातिर यिन जुन मेइ – सबसे सटीक जवाब हो सकेला। इ गहिराई से रोज-रोज पीयल जाए वाला चाय ह: एतना जटिल कि हर बेर एकरा में नया बारीकी पावल जा सके, आ एतना “बरदाश्तगार” कि अधूरा पकवाई में भी निराश ना करे। “चाँदी भौह” – “सोना भौह” के छाया ना, बलुक अपने चरित्र आ आकर्षण वाला खुद के एगो मूल्यवान चाय ह।
